दमोह। जिले में शुक्रवार को एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत की घटना सामने आने के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई। एक युवक का शव करैया हजारी रेलवे फाटक के पास रेलवे ट्रैक पर मिला, जबकि इसके कुछ समय बाद उसके माता-पिता के शव दमोह शहर के धरमपुरा रेलवे फाटक के समीप रेलवे ट्रैक पर मिलने की सूचना सामने आई।
घटना के बाद दोनों स्थानों पर लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलते ही जीआरपी, आरपीएफ, डायल-112 और सिटी कोतवाली पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं और जांच शुरू की गई।
जानकारी के अनुसार मृतकों की पहचान भरत अहिरवार, उनकी पत्नी उमा अहिरवार और उनके पुत्र मुकेश अहिरवार, उम्र करीब 28 वर्ष, के रूप में बताई जा रही है।
करैया हजारी रेलवे ट्रैक पर मिला पुत्र का शव
बताया गया कि मुकेश अहिरवार का शव दमोह-कटनी रेल मार्ग पर करैया हजारी रेलवे फाटक के पास रेलवे ट्रैक पर मिला। घटना की सूचना मिलने के बाद डायल-112, आरपीएफ और जीआरपी की टीम मौके पर पहुंची।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू की और घटनाक्रम से जुड़ी जानकारी जुटाई।
कुछ समय बाद धरमपुरा रेलवे फाटक के पास मिले माता-पिता के शव
मुकेश की मौत की घटना के बाद दमोह शहर के धरमपुरा रेलवे फाटक के पास उसके पिता भरत अहिरवार और मां उमा अहिरवार के शव रेलवे ट्रैक पर मिलने की सूचना मिली।
बताया जा रहा है कि भरत अहिरवार और उनकी पत्नी उमा जिला अस्पताल दमोह में गार्ड के रूप में पदस्थ थे। सूचना मिलते ही सिटी कोतवाली पुलिस और जीआरपी की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
परिजनों ने पारिवारिक विवाद की बात बताई
परिवार के सदस्यों के अनुसार शुक्रवार सुबह भरत अहिरवार, उनकी पत्नी उमा और पुत्र मुकेश के बीच पारिवारिक विवाद हुआ था। परिजनों का कहना है कि इसके बाद मुकेश घर से निकल गया।
कुछ समय बाद करैया हजारी रेलवे फाटक के पास ट्रेन की चपेट में आने से उसकी मौत की जानकारी सामने आई।
परिजनों के मुताबिक पुत्र की मौत की सूचना मिलने के बाद भरत और उमा भी बेहद दुखी थे। इसके बाद दोनों की मौत धरमपुरा रेलवे फाटक के पास ट्रेन की चपेट में आने से हुई।
हालांकि, तीनों मौतों के पीछे की वास्तविक परिस्थितियां और घटनाओं के बीच संबंध की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
दो स्थानों पर पुलिस और जीआरपी ने संभाला मोर्चा
एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत की जानकारी फैलते ही दोनों घटनास्थलों पर बड़ी संख्या में लोग पहुंच गए। भीड़ बढ़ने के कारण पुलिस को व्यवस्था संभालनी पड़ी।
जीआरपी, आरपीएफ और सिटी कोतवाली पुलिस ने घटनास्थलों का निरीक्षण किया। पुलिस परिजनों और आसपास मौजूद लोगों से जानकारी जुटा रही है। मृतक के भतीजे मनोज अहिरवार सहित परिवार के अन्य सदस्यों ने भी घटना के संबंध में जानकारी दी है।
जांच के बाद सामने आएगा पूरा घटनाक्रम
फिलहाल पुलिस और जीआरपी मामले के हर पहलू की जांच कर रही है। प्रथम दृष्टया तीनों की मौत ट्रेन की चपेट में आने से होना सामने आया है।
पारिवारिक विवाद और घटनाओं के क्रम को लेकर भी जांच की जा रही है। पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि घटनाएं किन परिस्थितियों में हुईं और इसके पीछे वास्तविक कारण क्या था।
फिलहाल जीआरपी और सिटी कोतवाली पुलिस द्वारा मामले की जांच जारी है।
