दमोह। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर 17 सितंबर 2026 को दमोह जिले में सहायक उपकरण वितरण शिविर का आयोजन किया जाएगा। शिविर जिला दिव्यांग एवं पुनर्वास केन्द्र, कलेक्ट्रेट परिसर दमोह में आयोजित होगा। इसमें एडिप एवं राष्ट्रीय वयोश्री योजना के अंतर्गत चिन्हांकित दिव्यांगजनों और वरिष्ठजनों को कृत्रिम अंग एवं विभिन्न सहायक उपकरण वितरित किए जाएंगे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिविर के आयोजन को लेकर जिला प्रशासन एवं संबंधित विभागों द्वारा आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं। कार्यक्रम के सफल संचालन के लिए मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत दमोह को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है, जबकि मुख्य नगर पालिका अधिकारी, नगर पालिका दमोह को सहायक नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
हितग्राहियों को शिविर तक लाने की व्यवस्था
शिविर में चिन्हांकित हितग्राहियों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए संबंधित निकायों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। उपसंचालक सामाजिक न्याय द्वारा संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि अपने-अपने क्षेत्र के चिन्हांकित हितग्राहियों को शिविर स्थल तक लाने और कार्यक्रम के बाद सुविधानुसार उन्हें वापस पहुंचाने की समुचित व्यवस्था की जाए।
इसके साथ ही यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि सभी चिन्हांकित हितग्राही शिविर में उपस्थित होकर योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें। हितग्राहियों को उनकी आवश्यकता के अनुसार कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे।
किसी पात्र हितग्राही को लाभ से वंचित नहीं रखने के निर्देश
सामाजिक न्याय विभाग द्वारा अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि कोई भी चिन्हांकित हितग्राही योजना के लाभ से वंचित नहीं रहना चाहिए। शिविर की व्यवस्थाओं की संपूर्ण जिम्मेदारी नोडल अधिकारी एवं सहायक नोडल अधिकारी को सौंपी गई है।
कार्यक्रम स्थल पर निकाय स्तर से आवश्यकतानुसार कर्मचारियों की तैनाती भी की जाएगी। इसके अलावा शिविर में आने वाले हितग्राहियों और अन्य लोगों की सुविधा को देखते हुए साफ-सफाई, पेयजल सहित अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
एडिप और राष्ट्रीय वयोश्री योजना के तहत मिलेगा लाभ
शिविर के माध्यम से एडिप (Assistance to Disabled Persons) तथा राष्ट्रीय वयोश्री योजना के तहत चिन्हांकित दिव्यांगजनों एवं वरिष्ठजनों को सहायता प्रदान की जाएगी। इन योजनाओं के माध्यम से पात्र हितग्राहियों को उनकी जरूरत के अनुरूप कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाते हैं।
जिला प्रशासन की ओर से संबंधित अधिकारियों को शिविर की व्यवस्थाएं समय पर पूर्ण करने और चिन्हांकित हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के निर्देश दिए गए हैं।
