दमोह में अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग की कार्रवाई, 35 लीटर कच्ची शराब और 1050 लीटर महुआ लाहन जब्त

दमोह जिले में अवैध मदिरा के निर्माण, विक्रय, संग्रह और परिवहन के खिलाफ आबकारी विभाग ने कई क्षेत्रों में दबिश दी। कार्रवाई के दौरान 35 लीटर कच्ची हाथ भट्टी मदिरा, शराब बनाने के उपकरण और 1050 लीटर महुआ लाहन बरामद कर पांच प्रकरण दर्ज किए गए।

लेखक: Damoh Daily News प्रकाशित:
दमोह में अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग की कार्रवाई, 35 लीटर कच्ची शराब और 1050 लीटर महुआ लाहन जब्त

दमोह। जिले में अवैध मदिरा के विनिर्माण, विक्रय, संग्रह एवं परिवहन के विरुद्ध आबकारी विभाग का विशेष अभियान जारी है। इसी क्रम में मुखबिर से प्राप्त सूचना और नियमित गश्त के आधार पर आबकारी विभाग की टीम ने जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में दबिश देकर अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई की।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, कलेक्टर प्रताप नारायण यादव के आदेश एवं आबकारी उपायुक्त आलोक खरे के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। प्रभारी जिला आबकारी अधिकारी केपी गांधी के मार्गदर्शन में आबकारी बल ने घाना मैली, पिपरिया जुगराज, हरदुआ जबेरा तथा जबेरा के कुचबंदिया मोहल्ला क्षेत्र में अवैध मदिरा बनाए जाने की सूचना पर कार्रवाई की।

35 लीटर कच्ची शराब बरामद

आबकारी विभाग की टीम ने संबंधित क्षेत्रों में दबिश के दौरान करीब 35 लीटर कच्ची हाथ भट्टी मदिरा बरामद की। इसके साथ ही मदिरा निर्माण में इस्तेमाल किए जाने वाले उपकरण, भट्टी और पात्र भी कार्रवाई के दौरान मिले।

टीम ने मौके पर रखे महुआ लाहन के सैंपल भी लिए। विभाग के अनुसार करीब 1050 लीटर महुआ लाहन मौके पर पाया गया, जिसमें से नियमानुसार सैंपल लेने के बाद शेष लाहन को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।

आबकारी अधिनियम के तहत 5 प्रकरण दर्ज

मौका कार्रवाई पूरी करने के बाद आबकारी विभाग द्वारा मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम 1915 की धारा 34(1) क, च, के तहत कुल 5 प्रकरण पंजीबद्ध किए गए हैं।

विभाग द्वारा अवैध शराब के निर्माण और बिक्री से जुड़े मामलों में आगे भी कार्रवाई जारी रखने की बात कही गई है।

आबकारी टीम ने की कार्रवाई

इस कार्रवाई में आबकारी उपनिरीक्षक अनुरोध सेन, प्रधान आरक्षक जगदम्बा पांडे, हरिसिंह घुरैया, आबकारी आरक्षक तपिस हल्वी, शरद मिश्रा तथा नगर सैनिक धर्मेंद्र राजौरिया का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

आबकारी विभाग के अनुसार जिले में अवैध मदिरा के निर्माण, विक्रय और परिवहन के खिलाफ विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। विभाग द्वारा सूचना के आधार पर ऐसे क्षेत्रों में निगरानी और कार्रवाई की जा रही है।